घोरावल(पी डी)सोनभद्र:-बाल श्रम की रोकथाम के लिए पुलिस की मानव तस्करी विरोधी इकाई ने घोरावल कस्बे में दुकानों की जांच की। मिठाई की दुकान से तथा कपड़े की दुकान से टीम ने एक एक बालक को मुक्त कराया। इस मामले में दोनो दुकानदारों के विरुद्ध गुरुवार की देर शाम एफआईआर दर्ज किया गया है। टीम के उप निरीक्षक सुजीत सेठ के मुताबिक गुरुवार की शाम नगर में जांच पड़ताल चल रही थी। उसी दौरान मुखबिर की सूचना पर मालूम चला कि मिठाई तथा कपड़ों की दुकान पर बालको से श्रम कराया जा रहा है। नगर के कृष्णा स्वीट्स एंड नमकीन की दुकान पर टीम पहुंची जहां पर एक बालक काम करते हुए दिखाई पड़ा।अधिकारियों ने 15 वर्षीय उस बालक से उसका नाम पूछा तो उसने अपना नाम अनुराज पुत्र सुरेश खरवार निवासी जानर बताया। उन्होंने तत्काल दुकान के मालिक कार्तिकेय से इस संबंध में पूछताछ की तो दुकानदार सक्षम जवाब नहीं दे सका। और गलती पर क्षमा याचना करने लगा। वहीं से कुछ दूरी पर अवधेश रेडीमेड की दुकान पर 14 वर्षीय बालक मनीष कुमार काम करते हुए मिला। टीम ने इस संबंध में दुकानदार अमित कुमार से पूछा तो सकारात्मक जवाब नहीं मिल सका। टीम ने रेस्क्यू करते हुए मनीष और अनुराज को गाड़ी में बैठा लिया। और कोतवाली पर तहरीर देकर कार्तिकेय तथा अमित कुमार गुप्ता के विरुद्ध रिपोर्ट दर्ज कराई है। टीम की इस कार्यवाही से नगर में हड़कंप मचा रहा। बाल श्रम कराने वाले तमाम दुकानदार अपनी दुकानों से श्रमिकों को कुछ समय के लिए हटा दिए।
दुकानों पर नाबालिक बच्चो से कराया जा रहा था काम, दो दुकानदारों पर एफआईआर दर्ज
---Advertisement---

