कोन संवाददाता(जयदीप गुप्ता)। विश्व हिंदू परिषद के तत्वावधान में मंगलवार को कोन पंचमुहान के पास स्थित विश्व हिंदू परिषद कार्यालय पर संगठन का 62वां स्थापना दिवस समारोहपूर्वक मनाया गया। कार्यक्रम में सनातन संस्कृति, हिंदू समाज की एकजुटता और धार्मिक मूल्यों के संरक्षण पर विस्तार से चर्चा की गई। वक्ताओं ने कहा कि सनातन संस्कृति भारत की पहचान है, जिसकी रक्षा और संरक्षण के लिए समाज को संगठित एवं जागरूक रहना आवश्यक है।
कार्यक्रम की अध्यक्षता विश्व हिंदू परिषद के प्रखंड अध्यक्ष संतोष पासवान ने की। उन्होंने कार्यकर्ताओं से संगठन के उद्देश्यों के अनुरूप समाजहित में सक्रिय भूमिका निभाने तथा हिंदू समाज को एकजुट करने का आह्वान किया। वक्ताओं ने सनातन धर्म से जुड़ी विभिन्न महत्वपूर्ण बातों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि आपसी भेदभाव को दूर कर सभी को मिलकर समाज और संस्कृति की मजबूती के लिए कार्य करना चाहिए।
समारोह में विशिष्ट अतिथि लक्ष्मी कुमार जायसवाल, ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि शशांक शेखर मिश्र,काशी प्रांत उपाध्यक्ष जनार्दन, प्रांत धर्मप्रसार प्रमुख काशी प्रांत नरसिंह त्रिपाठी, जिला मंत्री हरिशंकर वर्मा सहित अन्य पदाधिकारियों ने अपने विचार रखे। उन्होंने विश्व हिंदू परिषद की स्थापना के उद्देश्य, संगठन की भूमिका तथा समाज में सेवा और जागरूकता के कार्यों पर चर्चा की।
कार्यक्रम के दौरान कार्यकर्ताओं ने संगठन की गतिविधियों को गांव-गांव तक पहुंचाने तथा अधिक से अधिक लोगों को सनातन संस्कृति और सामाजिक सरोकारों से जोड़ने पर जोर दिया। वक्ताओं ने कहा कि समाज की एकता और सांस्कृतिक मूल्यों के प्रति जागरूकता से ही आने वाली पीढ़ियों को अपनी परंपराओं से जोड़ा जा सकता है।

इस अवसर पर प्रखंड अध्यक्ष संतोष पासवान, प्रखंड अध्यक्ष चोपन अजय,प्रखंड मंत्री सोनू,जिलाउपाध्यक्ष संतोष,प्रखंड संयोजक हृदय निवास पांडेय, प्रखंड मंत्री वीरेंद्र गुप्ता,सुशील चतुर्वेदी,सुनील मिश्रा समेत विश्व हिंदू परिषद के दर्जनों कार्यकर्ता एवं सैकड़ों सनातनी मौजूद रहे। समारोह के दौरान संगठन के स्थापना दिवस को लेकर कार्यकर्ताओं में उत्साह देखने को मिला।

