सोनभद्र/, रेणुकूट। हिण्डाल्को रेणुकूट के मल्टीफैसिलिटी हॉल में बीती शाम क्लब विन्ध्याचल द्वारा आयोजित अखिल भारतीय हास्य कवि सम्मेलन ने श्रोताओं को हंसी और व्यंग्य के रंग में सराबोर कर दिया। देश के नामचीन हास्य कवियों की प्रस्तुतियों से पूरा हॉल देर रात तक ठहाकों और तालियों की गड़गड़ाहट से गूंजता रहा।
कार्यक्रम का शुभारंभ हिण्डाल्को के मुखिया श्री समीर नायक सहित मानव संसाधन प्रमुख श्री जसबीर सिंह, रिडक्शन हेड श्री जयेश पवार, एल्युमिना हेड श्री रोहित चौरसिया, प्रोजेक्ट्स हेड श्री राजेश कपूर तथा क्लब के महासचिव श्री सुनील कान्त पांडेय ने दीप प्रज्ज्वलन कर किया। तत्पश्चात अतिथियों ने कवियों को शॉल एवं मोमेंटो भेंटकर सम्मानित किया।
वहीं सभी कवियों के मध्य एकमात्र नारी शक्ति श्रीमती बलजीत कौर तान्हा जी को श्रीमती सीमा सिंह ने मोमेंटो एवं शॉल भेंटकर उनका अभिवादन किया।
सम्मेलन की शान बने पद्मश्री श्री सुरेंद्र शर्मा, व्यंग्य के महारथी श्री प्रताप फौजदार, लोकप्रिय कवि श्री शम्भू शिखर, नारी स्वर की प्रतिनिधि श्रीमती बलजीत कौर तान्हा, व्यंग्यकार श्री जितेन्द्र जौहर, कॉमेडियन कवि श्री अभय शर्मा और भावुकता के शिल्पकार श्री संजय सिंह (बाबूजी)।
कवियों ने बेरोजगारी, राजनीति और सामाजिक सरोकारों पर तीखे व्यंग्य किए। श्रोताओं की हंसी तब थमी जब बाबूजी ने अपनी प्रसिद्ध रचना “क्या याद मेरी आती नहीं…” सुनाई—इस भावुक प्रस्तुति ने श्रोताओं की आंखें नम कर दीं। वहीं अभय शर्मा ने नेताओं की मिमिक्री कर और अपने अंदाज में यूपी के जीवन की कठिनाइयों पर हंसी-ठिठोली कर खूब तालियां बटोरीं।
शम्भू शिखर ने अपने चुटीले अंदाज से श्रोताओं को लोटपोट कर दिया, तो बलजीत कौर ने महिलाओं की सामाजिक स्थिति और सुरक्षा पर आधारित रचनाओं से हंसाते-हंसाते संदेश भी दिया। कार्यक्रम में उपस्थित हर कवि ने अपनी अनोखी शैली से ऐसा समां बांधा कि हॉल में हंसी का “बुलडोज़र” चलता रहा।
कार्यक्रम की सफलता पर हिण्डाल्को प्रबंधन ने महासचिव श्री सुनील कान्त पांडेय एवं उनकी टीम के सदस्यों कर्नल (सेनि.) रोहित शर्मा, श्री आदित्य बर्मन, श्री रुपेश सिंह, श्री शंशांक शेखर, श्री विवेक अग्रवाल, श्री अंकुर अग्रवाल, श्री शुभादीप भट्टाचार्या, श्री करतार सिंह, श्री मनीष माहेश्वरी, श्री विपुल राय, श्री सौम्यजीत मुखर्जी, श्री हरेंद्र सिंह, श्री संजीव सिंह, श्रीमती सोनाली साव, श्री सुरेश त्रिपाठी एवं श्री विवेक अग्रवाल को बधाई देते हुए मुक्त कंठ से सराहना की एवं आगे भी इसी प्रकार से कार्यक्रमों का आयोजन करने के लिए प्रोत्साहित किया। अंत में श्री समीर नायक व श्री जसबीर सिंह ने कहा—“इस आयोजन का उद्देश्य हास्य और साहित्य के स्पर्श से लोगों के जीवन में आनंद और सहजता लाना है।”
गौरतलब है कि कवि सम्मेलन से पूर्व सभी कवियों और क्लब सदस्यों ने हिण्डाल्को कॉलोनी परिसर में पौधरोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश भी दिया।
हिण्डाल्को में ठहाकों की गूंज, देश के दिग्गज कवियों ने जमाया रंग
By: वली अहमद सिद्दीकी (प्रधान संपादक)
On: Monday, August 25, 2025 10:08 PM
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