रवि सिंह / सेराजुल हुदा
दुद्धी / सोनभद्र। ब्लड की कमी के चलते अगर कोई व्यक्ति जीवन और मौत से लड़ रहा हो तो उस समय रक्तदान कर किसी के जीवन को बचा कर नया जीवन देना इससे बड़ा पुनीत का कार्य कुछ नहीं हो सकता। रक्तदान को महादान यूं ही नहीं कहा जाता है। जरूरत के समय किसी को रक्त देकर उसकी जान बचाना बहुत बड़ा कार्य है। प्रशांत कुमार निवासी रजखड ने रक्तदान कर सोनम कुमारी 16 वर्ष निवासी कोरगी के जीवन को बचाने का कार्य किया है उसकी जितनी प्रशंसा की जाए वह कम है। वहीं अजय यादव ने दुध्दी ब्लड डोनेट एक्सप्रेस व्हाट्सएप ग्रुप मे बी पॉजिटिव ब्लड उपलब्ध करवाने की बात कहा । बालिका ब्लड के अभाव में अस्पताल में जीवन और मौत से जूझ रही थी। बालिका के परिवार के सदस्यों ने ब्लड डोनेट ग्रुप पर ब्लड की मांग किया तो युवा लड़के ब्लड देने के लिए सक्रिय हो गए और अस्पताल जाकर ब्लड देकर बालिका के जीवन में नए संचार का दीपक जला दिया। तत्काल ग्रुप के सदस्य अफसर राजा और विकास कुमार अग्रहरी के ब्लड रिक्वेस्ट को स्वीकार किया | और प्रशांत कुमार ने दुध्दी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुँचकर तुरंत रक्तदान किया और युवती का जान बचाया। बताते चलें की दुध्दी मे एक युवाओं का ब्लड डोनेट एक्सप्रेस के नाम से टीम तैयार किया गया है । जिसका मुख्य उद्देश्य यह है की दुध्दी या आस पास के किसी क्षेत्र मे ब्लड के कमी से किसी भी असहाय लोगों की जान अब नहीं जाने दिया जाएगा | जिस प्रकार से शहरों मे रेड क्रॉस जैसी संस्थाएं काम करती है | लेकिन ग्रामीण क्षेत्रों मे अभी भी इसकी कमी महसूस होती है | इसको देखते हुए दुद्धी ब्लड डोनेट एक्सप्रेस ग्रुप के सदस्यों ने इस बीड़े को उठाया अब किसी को भी ब्लड की कमी से मरने नहीं दिया जाएगा | ब्लड पाकर मरीजों की जान बच जाती है , जिससे उनके परिजनों के द्वारा दिल से दुआएँ निकलती है जो इनके हौसले को आसमान की बुलंदियों तक पहुंचाने का काम करती है |

