अनिल जायसवाल
डाला/सोनभद्र – सामुदायिक स्वादथ केंद्र चोपन बना कमीशन खोरी का अड्डा , ज्यादा तर दवाएं प्राइवेट तौर पर लेने के लिए भेजा जाता है बाहर।
चोपन स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र इस समय कमीशन का अड्डा बन गया । जहां मंहगाई की मार झेल रहे गरीब, जनता अपना इलाज कराने हॉस्पिटल जाती है वहीं मौजूद डॉक्टर खाना पूर्ति करते हुए चिन्हित दुकानों और कागज के टुकड़े पर दवा लिख लेने कर भेज देते हैं। ऐसे में ग्रामीण परेशान होकर चिन्हित दवाल की दुकान खोजते फिरते है। दवा वही लिखी जाती है जिस पर कमीशन भी ज्यादा मिलता है । ग्रामीण कहाँ से कैसे पैसे एकत्रित करते है इससे डॉक्टर साहब को क्या लेना देना , अपना कमीशन बनता , भाड़ में जाये जनता । वही दूसरी तरफ एक्सरे हॉस्पिटल में मौजूद हो जॉने के बाद भी मरीजो को कमीशन के चक्कर मे चिन्हित एक्सरे सेंटर भरज दिया जाता है। चोपन हॉस्पिटल के डॉक्टर के लिए सरकार की छवि धूमिल करना आम बात बन गया है ।

