सर्व मंगल मांगल्ए शिवे सर्वार्थ साधिके शरण्ए त्र्यंबके मां स्कंदमाता नारायणी नमोस्तुते।
रघुकुल रीत सदा चली आई प्राण जाए पर वचन न जाई होई है वही जो राम रचि राखा को करे तरफ़ बढ़ाए साखा राम सिया राम सिया राम जय जय राम।
अशोक मध्देशिया
संवाददाता
चोपन/सोनभद्र। शुक्रवार को स्कंदमाता की पूजा के साथ ही दशहरा मेले की तैयारी ने जोर पकड़ लिया है। जगह-जगह जहां पंडाल का निर्माण अब अंतिम चरण में पहुंच चुका है वहीं देवी प्रतिमा का निर्माण करीब करीब पूरा हो चुका है। अब मां दुर्गा की प्रतिमा को सजाने और सवांरने में मूर्तिकार जुटे हुए है। बताते चले कि कोरोना महामारी में दो साल सादगी से दुर्गा पूजा मनाने के बाद इस साल दुर्गा पूजा अपने पुराने स्वरूप में लौटेगी। जिस प्रकार दो साल से पहले पूजा समितियों की ओर से मेला का आयोजन किया जाता रहा इस बार उससे भी अधिक भव्य आयोजन किए जाने की तैयारी में लोग जी जान से जुट गए हैं। लगभग चार दिनों तक लगने वाले मेले में चोपन नगर में बन रहे लगभग 85 फिट रावण का प्रतिमा पूरे जनपद में प्रसिद्ध हैं।
नगर के रेलवे दुर्गा मैदान,रेलवे हिल कॉलोनी, प्रीतनगर गड़ईडीह व चोपन बैरियर आदि स्थानों पर बनने वाले पंडाल अब अपने आकार में भी आने लगे हैं। पंडालों के आसपास बिजली बत्ती झालरों की भी सजावट शुरू हो गयी है। इससे कुछ जगहों पर शाम के बाद की रौनक बदल जाती है। हालांकि अभी बिजली की सजावट शुरू हुई है। पूरी तरह सजावट के बाद नगर की छंटा देखते ही बनेगी। पंडाल निर्माण के साथ ही मां की प्रतिमा का निर्माण भी अंतिम चरण में पहुंच गया है। लगभग सभी जगह देवी प्रतिमाओं को अपने स्थान पर विराजमान भी कर दिया गया है। अब उसके रंग रोगन और सजावट के काम को पूरा किया जा रहा है। इधर, मेला स्थलों के आसपास खिलौने, साज-शृंगार, मिठाई, मूगंफली, गोलगप्पे आदि के दुकान लगाने की तैयारी भी शुरू कर दी गयी है। लोग अपने अपने हिसाब से दुकान लगा रहे हैं। शुक्रवार को नवरात्र के पांचवे दिन लोगों ने स्ंकद माता की पूजा की। इसके साथ ही षष्ठी को बेल निमंत्रण की तैयारी की गयी। सोमवार रात बेल निमंत्रण के साथ श्रद्धालु मां दुर्गा का आवाहन करेंगे।

